दवा, दुआ और योग से जीती जंग

भरतपुर. बीमारी से ज्यादा कष्ट लोगों को डर दे रहा है। कोरोना को हराने के लिए जरूरी है कि मन को हमेशा मजबूत रखें और किसी प्रकार का डर हावी नहीं होने दें। दवा, दुआ और योग के जरिए मैंने जल्दी ही कोरोना को हरा दिया। यह सही है कि मन के हारे हार और मन के जीते जीत। मन में ठान लें तो कोरोना जरूर हारेगा। यह कहना है कोरोना को हराने वाले दिनेश अग्रवाल (54) निवासी कृष्णा नगर का।
अग्रवाल बताते हैं कि अप्रेल माह में तबीयत खराब हुई तो पहले प्राथमिक उपचार लिया, लेकिन कोई फायदा नहीं मिला। कोरोना के लक्षण महसूस होने पर मैंने नौ मई को जांच कराई तो रिपोर्ट पॉजिटिव आई। यह इस माहौल में सदमे सरीखा था, लेकिन मैं अगले ही पल संभल गया और तय कर लिया कि कोरोना को हराना है। इसके बाद होम आइसोलेट रहकर अन्य परिजनों को सुरक्षित किया। साथ ही चिकित्सक को दिखाकर नियमित रूप से दवाओं से सेवन किया। साथ ही गाइड लाइन का पूरी तरह पालन करते हुए खान-पान का विशेष ध्यान रखा। इस बीच योग-प्राणायाम का भी सहारा लिया। इसका नतीजा यह रहा कि मैं बहुत जल्दी स्वस्थ हुआ। अग्रवाल कहते हैं कि परिजनों के साथ मिलने-जुलने वालों ने भी हौसला बढ़ाया। सबकी दुआओं के असर के चलते मैं इस जंग को जीतने में कामयाब रहा।

बेहद मददगार रही जलनेती

अग्रवाल बताते हैं कि सबसे पहले मैंने ठंडी चीजों से दूरी बनाई। साथ ही स्वास्थ्य मंदिर सेवा संस्थान के डॉ. वीरेन्द्र अग्रवाल की ओर से भिजवाए काढ़े का सेवन किया। डॉ. अग्रवाल की ओर से बताए गए योग-प्राणायाम एवं जलनेती का सहारा लिया। अग्रवाल बताते हैं कि जलनेती इसमें बहुत कारगर साबित हुई। लगातार जलनेती करने से फीवर, गला एवं खांसी जल्दी ठीक हुई। योग के जानकार बताते हैं कि जलनेती से श्वांस नलिका की पूरी तरह सफाई हो जाती है। इससे फेंफड़ों को रफ्तार से शुद्ध ऑक्सीजन मिलती है। श्वांस नलिका की सफाई के दौरान इसमें जमा वायरस बाहर निकल जाता है।



source https://www.patrika.com/bharatpur-news/the-battle-won-due-to-medicine-blessings-and-yoga-6859556/

Comments

Popular posts from this blog

होलकर से दोस्ती की खातिर महाराजा रणजीत सिंह ने ठुकराया था अंग्रेजों से संधि का प्रस्ताव

वृंदावन कुंभ में बसेगा बृज संस्कृति आधारित गांव

परमदरा ऐसा गांव...यहां भगवान कृष्ण के भाई ने सीखी थी मल्ल विद्या, हर घर में पहलवान